Uchcharan flexible Secrets



मैया गुफ्फा की आज्ञा मन रिद्धि सिद्धि देवी आन

सामने गादी बैठे राजा, पीडो बैठे प्राजा मोहे।

साधना समय में जिस मंत्र का जप कर रहें हों, उस मंत्र के देवता की प्रतिमा या फोटो अवश्य सामने स्थापित करें। 

अपने गुरु एवं परमात्मा पर पूर्ण विश्वास और श्रद्धा रखें। 

आदिनाथ कैलास निवासी, उदयनाथ काटे जम फांसी। सत्यनाथ सारणी संत भाखे, संतोषनाथ सदा संतन की राखे। कन्थडिऩाथ सदा सुख दायी, अचती अचम्भेनाथ सहायी।ज्ञान पारखी सिद्ध चौरंगी, मच्छेन्द्रनाथ दादा बहुरंगी।गोरखनाथ सकल घट व्यापी, काटे कलिमल तारे भव पीड़ा। नव नाथों के नाम सुमिरिये, तनिक भस्मि ले मस्तक धरिये। रोग शोक दारिद्र नशावे, निर्मल देह परम सुख पावे। भूत प्रेत भय भञ्जना, नव नाथों के नाम। सेवक सुमिरे चन्द्रनाथ, पूर्ण होय सब काम।

मंत्र नियम : मंत्र-साधना में विशेष ध्यान देने वाली बात है- मंत्र का सही उच्चारण। दूसरी बात जिस मंत्र का जप अथवा अनुष्ठान करना है, उसका अर्घ्य पहले से लेना चाहिए। मंत्र सिद्धि के लिए आवश्यक है कि मंत्र को गुप्त रखा जाए। प्रतिदिन के जप से ही सिद्धि होती है। किसी विशिष्ट सिद्धि के लिए सूर्य अथवा चंद्रग्रहण के समय किसी भी नदी में खड़े होकर जप करना चाहिए। इसमें किया गया जप शीघ्र लाभदायक होता है। जप का दशांश हवन करना चाहिए और ब्राह्मणों या गरीबों को भोजन कराना चाहिए।

रोग निवारण: शाबर मंत्रों का उपयोग भूत-प्रेत बाधा, मानसिक तनाव, और शारीरिक रोगों को दूर करने के लिए किया जाता है।

साधना समय में असली धूप का हीं उपयोग करें। 

साधना रात्रि के शान्त वातावरण में करें। 

जानिए शाबर मंत्र पढ़ने के नियम, तांत्रिक परंपरा का हिस्सा है ये मंत्र  

शाबर मंत्रों का सही तरीके से जप करना आवश्यक है ताकि उनकी शक्ति को पूरी तरह website से महसूस किया जा सके। नीचे शाबर मंत्र जप के नियम विस्तार से बताए गए हैं। 

साधना काल में धूम्रपान या कोई अन्य नशा आदि न करें। 

हर मंत्र की प्रत्येक विधि होती है, उसी का पालन करें।

जादुई शक्तियां प्राप्त करने का मंत्र Siddhi mantra for achievement in hindi

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